बड़कागांव प्रखंड के कई गांवों में अब रात का दृश्य पूरी तरह से बदल गया है। पहले शाम होते ही सड़कें, चौक-चौराहे और सार्वजनिक स्थान अंधेरे में डूब जाते थे, लेकिन अब सोलर हाई मास्ट लाइट की रोशनी से पूरा इलाका रोशन हो गया है। यह सकारात्मक परिवर्तन अदाणी फाउंडेशन द्वारा गोंदुलपारा खनन परियोजना के अंतर्गत कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) के तहत किया गया है।
फाउंडेशन ने होरम, मरदुसोटी, पुंदौल और चंदौल गांवों के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर सोलर हाई मास्ट लाइट स्थापित की हैं। इन लाइटों के संचालित होने के बाद ग्रामीणों को रात में आवागमन में काफी सहूलियत मिली है।
ग्रामीणों का कहना है कि पहले अंधेरे के कारण रात में बाहर निकलने में डर लगता था। विशेषकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को काफी दिक्कत होती थी। अब गांव के मुख्य रास्तों, मंदिर परिसर और चौक-चौराहों पर पर्याप्त रोशनी रहने से लोगों का आवागमन आसान और सुरक्षित हो गया है। रात में भी लोग बिना किसी डर के आवश्यक कार्यों के लिए बाहर जा पा रहे हैं।
गांव में बढ़ी रौनक, सामाजिक गतिविधियों को भी मिला बढ़ावा
ग्रामीणों का कहना है कि रोशनी से न केवल सुरक्षा में वृद्धि हुई है, बल्कि गांव की रौनक भी वापस लौट आई है। पहले जहां अंधेरा होते ही सार्वजनिक स्थान सुनसान हो जाते थे, वहीं अब लोग चौक-चौराहों और सामुदायिक स्थलों पर बैठकर बातचीत कर रहे हैं। इससे गांव की सामाजिक गतिविधियों को नई ऊर्जा मिली है।
सोलर हाई मास्ट लाइट पूरी तरह से सौर ऊर्जा से चलती हैं, जिससे बिजली की बचत होती है और पर्यावरण को भी नुकसान नहीं पहुँचता। स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में टिकाऊ विकास को बढ़ावा मिल रहा है। यह पहल ऊर्जा संरक्षण के साथ-साथ हरित भविष्य की दिशा में भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अदाणी फाउंडेशन लंबे समय से गोंदुलपारा खनन परियोजना के तहत बड़कागांव क्षेत्र में विभिन्न सामाजिक विकास कार्यों में सक्रिय है। फाउंडेशन शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, कौशल विकास, महिला सशक्तिकरण, आजीविका संवर्धन, पेयजल, आधारभूत संरचना, खेल एवं युवा विकास और पर्यावरण संरक्षण जैसे क्षेत्रों में लगातार प्रयास कर रहा है। इसका उद्देश्य स्थानीय लोगों के जीवन स्तर को सुधारना, उन्हें बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना और ग्रामीण विकास को नई दिशा प्रदान करना है।
