पाकुड़ में मुख्यमंत्री सारथी योजना पर लगे गंभीर आरोप

पाकुड़ में राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री सारथी योजना को लेकर विवाद उठ खड़ा हुआ है। JRS Technology Private Limited पर साहिबगंज और पाकुड़ के कई गरीब विद्यार्थियों से नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी करने का आरोप लगाया गया है। आरोप है कि छात्रों से प्रमाण पत्र मांगने पर उन्हें मारपीट और जान से मारने की धमकी दी गई। इस मामले ने अब राजनीतिक रंग भी ले लिया है, और दर्जनों छात्रों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर न्याय की मांग की है।

छात्रों की शिकायतें और आरोप

पीड़ित छात्रों ने उपायुक्त को दिए आवेदन में बताया कि उन्हें प्रशिक्षण पूरा होने के बाद बड़े सपने दिखाए गए थे। छात्रों का आरोप है कि विशाल प्रजापति नामक व्यक्ति ने खुद को सऊदी अरब के एक बड़े ठेकेदार का बेटा बताकर वीजा और टिकट के नाम पर पैसे लिए। छात्रों ने बताया कि कुल 1,05,900 रुपये निवेक रवानी के रूप में लिए गए, जबकि अन्य छात्रों से प्लेसमेंट के नाम पर 1,000 से लेकर 11,000 रुपये तक की वसूली की गई। एक छात्र दीपक कुमार ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने प्रमाण पत्र मांगा तो प्रोजेक्ट मैनेजर मोहम्मद आसिफ इकबाल ने गाली-गलौज की।

प्रशिक्षण का कालखंड और छात्रों की अपेक्षाएं

छात्रों ने कहा कि 17 नवंबर 2025 से शुरू हुआ तीन माह का प्रशिक्षण 22 फरवरी 2026 को समाप्त हुआ था। इसके बाद से वे अपने प्रमाण पत्र और रोजगार की उम्मीद में भटक रहे हैं। 18 मई को जब छात्र केंद्र पहुंचे, तो प्रोजेक्ट मैनेजर और मकान मालिक पर अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया गया। छात्रों ने उपायुक्त से न्याय, जमा राशि की वापसी और प्रमाण पत्र दिलाने की मांग की है।

संस्थान का पक्ष

इस बीच, JRS Technology Private Limited के प्रोजेक्ट मैनेजर मोहम्मद आसिफ इकबाल खान ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि कुछ तकनीकी समस्याओं के कारण परीक्षा और प्रमाण पत्र देने में देरी हुई है, जिसे जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। नौकरी के नाम पर पैसे लेने के आरोपों को उन्होंने खारिज करते हुए कहा कि संस्थान की छवि को खराब करने के उद्देश्य से ये आरोप लगाए जा रहे हैं।